Education
🔴 Breaking

राष्ट्रीय आय एवं योग्यता आधारित छात्रवृत्ति में कौशांबी प्रदेश में दूसरे स्थान पर

105 सीटों के सापेक्ष 6959 विद्यार्थियों ने कराया पंजीकरण, मंडल में प्रथम; बीएसए के नेतृत्व में नियमित समीक्षा और निगरानी का रहा असर

7 views

कौशाम्बी: राष्ट्रीय आय एवं योग्यता आधारित छात्रवृत्ति योजना (एनएमएमएस) परीक्षा 2027-28 के लिए पंजीकरण में कौशांबी ने प्रदेश में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। जनपद को आवंटित 105 सीटों के सापेक्ष 6959 विद्यार्थियों ने पंजीकरण कराया है। आवेदन संख्या के आधार पर कौशांबी प्रदेश में दूसरे और प्रयागराज मंडल में प्रथम स्थान पर रहा। प्रदेश में अलीगढ़ पहले और प्रयागराज तीसरे स्थान पर है।

नोडल एसआरजी डा. ओम प्रकाश सिंह ने बताया कि यदि उपलब्धि को जनपद को आवंटित सीटों के सापेक्ष देखा जाए तो कौशांबी प्रदेश में प्रथम स्थान पर है, जबकि पंजीकरण की संख्या के आधार पर प्रदेश में दूसरा स्थान प्राप्त हुआ है। उन्होंने बताया कि अधिक से अधिक पात्र विद्यार्थियों को परीक्षा से जोड़ने के लिए विद्यालय स्तर तक लगातार निगरानी और मार्गदर्शन किया गया।

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डा. कमलेंद्र कुमार कुशवाहा के नेतृत्व में अभियान की नियमित समीक्षा की गई। प्रतिदिन शाम को गूगल मीटिंग के माध्यम से बलाकवार और विद्यालयवार पंजीकरण की प्रगति देखी जाती रही। एआरपी की ओर से तैयार संख्यात्मक विश्लेषण के आधार पर कम प्रगति वाले विद्यालयों की स्थिति की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उच्च प्राथमिक और कंपोजिट विद्यालयों पर विशेष ध्यान देते हुए प्रधानाध्यापकों व नोडल शिक्षकों को पात्र विद्यार्थियों की पहचान कर समय से पंजीकरण कराने के लिए प्रेरित किया गया।

अभियान को नोडल एसआरजी डा. ओम प्रकाश सिंह के समन्वय व प्रबंधन में आगे बढ़ाया गया। नोडल एआरपी चंद्रबली रैना, राजेश सरसवा, अमित कुमार नेवादा, पुष्पेंद्र चायल, सुरेंद्र सिराथू, दिनेश श्रीवास्तव कड़ा, नरेश कुमार मूरतगंज, संदीप शर्मा, दिलीप कुमार और अनुराग आदि एआरपी ने अपने-अपने क्षेत्रों में विद्यालयों से संपर्क कर पंजीकरण की निगरानी की। डीसी धर्मनाथ ने भी अभियान में सहयोग दिया।

एनएमएमएस के अंतर्गत कक्षा आठ में अध्ययनरत विद्यार्थियों को परीक्षा के लिए आवेदन का अवसर मिलता है। चयनित विद्यार्थियों को कक्षा नौ से कक्षा 12 तक शासन की ओर से 1000 रुपये प्रतिमाह छात्रवृत्ति प्रदान की जाती है। एनएमएमएस परीक्षा 1 नवंबर 2026 को प्रस्तावित है। विभाग का प्रयास है कि ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के अधिक से अधिक मेधावी विद्यार्थी परीक्षा में शामिल होकर छात्रवृत्ति का लाभ प्राप्त करें। अधिकारियों के अनुसार पंजीकरण में मिली यह सफलता परिषदीय विद्यालयों के विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि है।

क्या कहते है अधिकारी

एनएमएमएस परीक्षा आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के मेधावी विद्यार्थियों के लिए आगे बढ़ने का महत्वपूर्ण अवसर है। विभाग का प्रयास है कि कोई भी पात्र विद्यार्थी इस अवसर से वंचित न रहे। विद्यालय स्तर पर शिक्षकों और प्रधानाध्यापकों को निर्देशित किया गया था कि पात्र विद्यार्थियों को परीक्षा के लिए प्रेरित करते हुए अधिक से अधिक परीक्षा की तैयारी सुनिश्चित कराएं। उन्होंने कहा कि पंजीकरण में कौशांबी की उपलब्धि उत्साहजनक है,अब हमारा लक्ष्य अधिकाधिक विद्यार्थियों को परीक्षा में शामिल कराकर छात्रवृत्ति का लाभ दिलाना है।

डा. कमलेंद्र कुमार कुशवाहा

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कौशांबी